Category: Desh Bhakti

Sainik Ki Lalkaar

Sainik Ki Lalkaar

Image Credit :Google हे भारत माँ के राजतिलक,पालक खुद का अपमान ना कर, अब छदम युद्ध की ज्वाला में हम सैनिक को कुर्बान ना कर। हम भारत माँ के पुत्र हैं इसके, शान में कुछ भी कर जायें, हम भूल के अपनों के हर गम, खुद को न्योछावर कर जायें, आजाद,भगत हर एक सैनिक, फौलाद … Continue reading Sainik Ki Lalkaar

SAMAY/समय

SAMAY/समय

Image Credit: Google समय है इतिहास को दोहराता है, कुछ सबक ले मंजिल को पाते हैं कुछ सदैव नीर बहाता है, समय है इतिहास को दोहराता है। कल पृथ्वीराज चौहान-जयचन्द, महाराणा प्रताप-मानसिंह जैसे अनगिनत वीर होकर भी गुलामी से बचा नहीं पाए, कुछ अपने अहम में चूर और पृथक थे, सबको अपने संख्याबल का मिथक … Continue reading SAMAY/समय

Desh-Drohi/देशद्रोही

Desh-Drohi/देशद्रोही

Image Credit: Google कुछ थे कल मतलबी आज भी हैं वही, स्वार्थ की कब्र पर मिट रही है जमीं, कितने नफरत में वे घिर गए है, कल भी बदले नहीं आज भी हैं वही। लोग आते रहे लूट जाते रहे, कितने जीवन को पल में मिटाते रहे, फिर भी एक दूसरे को झुकाने में हम, … Continue reading Desh-Drohi/देशद्रोही

CHETAK/चेतक

CHETAK/चेतक

Click here to Read part..6 Image Credit : Google कोटि प्रयास करने के बावजूद घायल चेतक के नहीं उठ पाने पर बिलाप करते राणा-– हाय चेतक मेरे मुझसे बिन कुछ कहे, कैसे दुनियाँ से तुम जा रहा है, देख मुझको जरा,क्या हुआ है दशा, दर्द कितना दिए जा रहा है, कैसे दुनियाँ से तुम जा … Continue reading CHETAK/चेतक

Haldighati ka Sangram (Part..6)

Haldighati ka Sangram (Part..6)

Click here to Read part..5 Image Credit : Google पराधीन रहना ना जाना, जीते जी वह हार ना माना, त्याग सुख महलों की जिसने,खाई रोटी घास की, दोहराता हूँ कथा वीर उस महाराणा प्रताप की|२| दुश्मन बीच अकेला राणा को संकट में जानकर, झालावाड़ के मन्ना जी संग आये सीना तानकर, मुकुट बदल झट पहन … Continue reading Haldighati ka Sangram (Part..6)

Haldighati Ka Maidan (Part.5)

Haldighati Ka Maidan (Part.5)

Click here to Read part..4 Image Credit : Google पराधीन रहना ना जाना, जीते जी वह हार ना माना, त्याग सुख महलों की जिसने,खाई रोटी घास की, दोहराता हूँ कथा वीर उस महाराणा प्रताप की|२| थककर सलीम ने तोपों को आखिर में किया इशारा था, गोलों की बारिस के आगे मेवाड़ी हुआ बेचारा था, थे … Continue reading Haldighati Ka Maidan (Part.5)

HALDIGHATI (Part..4)

HALDIGHATI (Part..4)

Click here to Read part..3 Image Credit : Google पराधीन रहना ना जाना, जीते जी वह हार ना माना, त्याग सुख महलों की जिसने,खाई रोटी घास की, दोहराता हूँ कथा वीर उस महाराणा प्रताप की|२| भाई राणा के शक्ति,जगमाल मिले जा अकबर से, झोक दिया पूरी ताकत,राणा पर अपना अकबर ने, राणा के संग भील … Continue reading HALDIGHATI (Part..4)